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Language: Hindi
اَللَّهُمَّ اغْفِرْ لِي وَارْحَمْنِي وَعَافِنِي وَاهْدِنِي وَارْزُقْنِي
अल्लाहुम-मग्फिर ली, वरहमनी, व 'आफिनी, वहदिनी, वरज़ुकनी
ए अल्लाह! मुझे माफ कर दे, मुझ पर दया कर, मेरा मार्गदर्शन कर, और मुझे रोज़ी प्रदान कर। पैगंबर (ﷺ) दो साष्टांग प्रणाम के बीच बैठते समय यह दुआ कहते थे।
Reference: सहीह (अल्बानी)। तिर्मिज़ी: २८४, हसन (अल्बानी)। अबू दाऊद: ८५०