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Language: Hindi
اَلسَّلَامُ عَلَيْكُمْ دَارَ قَوْمٍ مُؤْمِنِيْنَ وَأَتَاكُمْ مَا تُوعَدُونَ غَدًا مُؤَجَّلُونَ وَإِنَّا إِنْ شَاءَ اللَّهُ بِكُمْ لَاحِقُونَ اَللَّهُمَّ اغْفِرْ لِأَهْلِ بَقِيعِ الْغَرْقَدِ
अस-सलामु 'अलैकुम दारा कौमिन मु'मिनीन, व अता-कुम मा-तु'आदून 'गदन मुअज्जलुन, व इन्ना-इन्शा- अल्लाहु बिकुम ल-'हीकून। अल्ला-हुम्मगफिर लिअहली बकी'इल गरकद।
तुम पर सलामती हो, ए कब्र वालों, मोमिनों की जमात! जिसका तुमसे वादा किया गया था वह तुम्हारे पास आ गया है, और तुम उस दिन का इंतज़ार कर रहे हो जो आने वाला है। और हम अल्लाह की मर्जी से तुम से मिलेंगे। ए अल्लाह, बकी कब्रिस्तान के रहने वालों को बख्श दे।
Reference: मुस्लिम: ९७४