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Language: Hindi
और हर सुबह और शाम तीन बार यह कहते थे:
اَللَّهُمَّ إِنِّي أَعُوذُ بِكَ مِنَ الْكُفْرِ وَالْفَقْرِ اَللَّهُمَّ إِنِّي أَعُوذُ بِكَ مِنْ عَذَابِ الْقَبْرِ لَا إِلَهَ إِلَّا أَنْتَ
अल्लाहुम्मा इन्नी अऊज़ु बिका मिनल-कुफ़्रि, वल-फ़क़्र, अल्लाहुम्मा इन्नी अऊज़ु बिका मिन अज़ाबिल-क़ब्र, ला इलाहा इल्ला अन्त.
ऐ अल्लाह, मैं तेरी पनाह मांगता हूँ कुफ्र और फकीरी (गरीबी) से। ऐ अल्लाह, मैं तेरी पनाह मांगता हूँ कब्र के अज़ाब से। तेरे सिवा कोई माबूद नहीं।
Reference: हसन. अबू दाऊद: ५०९०