Loading...
Language: Hindi
رَبَّنَا تَقَبَّلْ مِنَّا ۖ إِنَّكَ أَنتَ السَّمِيعُ الْعَلِيمُ ﴿١٢٧﴾ رَبَّنَا وَاجْعَلْنَا مُسْلِمَيْنِ لَكَ وَمِن ذُرِّيَّتِنَا أُمَّةً مُّسْلِمَةً لَّكَ وَأَرِنَا مَنَاسِكَنَا وَتُبْ عَلَيْنَا ۖ إِنَّكَ أَنتَ التَّوَّابُ الرَّحِيمُ ﴿١٢٨﴾
रब्बना तकब्बल मिन्ना इन्नका अन्तस समी उल अलीम...
ऐ हमारे रब! हमसे (यह सेवा) कुबूल फरमा। बेशक तू ही सुनने वाला, जानने वाला है। ऐ हमारे रब! हमें अपना फ़रमाबरदार बना और हमारी औलाद में से भी एक उम्मत को अपना फ़रमाबरदार बना, और हमें हमारी इबादत के तरीके दिखा और हमारी तौबा कुबूल फरमा। बेशक तू ही तौबा कुबूल करने वाला, रहम करने वाला है।
Reference: सूरा अल-बक़रह २:१२૭-१२८